[Hindi] सम्पूर्ण भारत का 12 मार्च, 2026 का मौसम पूर्वानुमान
देश भर में मौसम प्रणाली:
देश के कई हिस्सों में अलग-अलग मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं। दक्षिण झारखंड और उससे सटे उत्तरी छत्तीसगढ़ के ऊपर लगभग 1.5 किमी की ऊंचाई पर एक चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।
इसी क्षेत्र से एक ट्रफ आंतरिक ओडिशा, विदर्भ, मराठवाड़ा होते हुए कर्नाटक तक फैली हुई है।
इसके अलावा मध्य पाकिस्तान के आसपास भी एक चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है।
वहीं, दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उत्तर श्रीलंका के पास भी एक परिसंचरण बना हुआ है। 14 मार्च से एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है।
पिछले 24 घंटे के दौरान, सिक्किम, पश्चिमी असम, तमिलनाडु और लक्ष्यद्वीप (Lakshadweep) में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई।
वहीं, जम्मू-कश्मीर के ऊपरी इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ बर्फबारी भी हुई।
इसके साथ ही झारखंड (Jharkhand) में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश देखने को मिली।
अगले 24 घंटों के दौरान मौसम की संभावित गतिविधि
अगले 24 घंटे के दौरान, 11 और 12 मार्च के दौरान जम्मू-कश्मीर के ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी जारी रह सकती है।
इसके बाद 13 से 16 मार्च के बीच भी कुछ स्थानों पर हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना बनी रहेगी।
वहीं, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 11 से 16 मार्च के बीच कहीं-कहीं हल्की बारिश और बर्फबारी हो सकती है।
साथ ही हिमाचल प्रदेश में 11 और 12 मार्च को कुछ जगहों पर ओलावृष्टि की भी संभावना है।
14 से 16 मार्च के बीच पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में कहीं-कहीं बारिश और गरज-चमक के साथ आँधी चल सकती है।
15-16 मार्च को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी ऐसी गतिविधियां संभव हैं। वहीं 14 मार्च को पश्चिमी राजस्थान और 14-15 मार्च को पूर्वी राजस्थान में बारिश हो सकती है।
पूर्वी भारत में पश्चिम बंगाल, ओडिशा, बिहार, चंडीगढ़ और महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र में गरज-चमक, बिजली और 30-50 किमी प्रति घंटे की तेज हवाएं चल सकती हैं।
वहीं, पूर्वोत्तर भारत (Northeast India) के कई हिस्सों में 11 से 16 मार्च के बीच छिटपुट से मध्यम बारिश और कहीं-कहीं भारी बारिश की भी संभावना है।







