पश्चिमी सिस्टम का असर, दिल्ली-एनसीआर में तेजी से नहीं बढ़ेगा तापमान, सूखा मौसम रहेगा बरकरार
मुख्य मौसम बिंदु
- दिल्ली का तापमान 30°C के आसपास, सामान्य से 4°C अधिक
- 16 फरवरी को 31.6°C रहा महीने का सबसे अधिक तापमान
- पश्चिमी विक्षोभ के कारण तापमान में तेज बढ़ोतरी पर रोक
- अगले 10 दिनों तक मौसम शुष्क रहने की संभावना
23 से 26 फरवरी 2026 के बीच दिल्ली का अधिकतम तापमान लगभग 30°C के आसपास बना हुआ है, जो सामान्य से करीब 4°C ज्यादा है। बेस स्टेशन सफदरगंज में कल अधिकतम तापमान 30.2°C दर्ज किया गया। इस दौरान न्यूनतम तापमान भी लगभग 12°C के आसपास स्थिर रहा। इससे पहले 16 फरवरी 2026 को 31.6°C तापमान दर्ज हुआ था, जो इस महीने का सबसे अधिक तापमान है। इसके बाद तापमान 31°C तक पहुंचने के लिए संघर्ष करता दिखा। अगले 4-5 दिनों में तापमान में तेज उछाल की संभावना नहीं है। मार्च की शुरुआत भी लगभग इसी दायरे में हो सकती है और पहले सप्ताह के बाद हल्की बढ़ोतरी संभव है।
फरवरी में 30°C पार करना हर साल नहीं होता
पिछले वर्षों में कई बार फरवरी महीने में तापमान 30°C तक नहीं पहुंचा। वर्ष 2013, 2014, 2015, 2019, 2020, 2022 और 2024 में फरवरी का तापमान 30°C से नीचे ही रहा। हालांकि पिछले साल 26 फरवरी को 32.4°C दर्ज किया गया था। इस बार 16 फरवरी 2026 को रिकॉर्ड हुआ 31.6°C ही महीने का सबसे अधिक तापमान रह सकता है। फरवरी के बचे तीन दिनों में अधिकतम तापमान लगभग 31°C तक पहुंच सकता है, जो सामान्य से 4°-5°C अधिक रहेगा।
पश्चिमी विक्षोभ और ठंडी हवाएं रोक रही हैं गर्मी
तापमान में तेज बढ़ोतरी न होने के दो मुख्य कारण हैं। पिछले करीब 10 दिनों से पहाड़ों पर लगातार पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय रहे हैं। ये सिस्टम हल्के रहे और मुख्य रूप से मध्य व ऊंचाई वाले इलाकों तक सीमित रहे। इनके गुजरने के बाद ठंडी हवा पीछे रह जाती है, जो तापमान को अचानक बढ़ने से रोकती है। साथ ही, 3,000 से 5,000 फीट की ऊंचाई पर तेज हवाएं चल रही हैं, जिससे वायुमंडल की निचली परतों में गर्मी जमा नहीं हो पा रही।
फिर आ रहे हैं दो पश्चिमी विक्षोभ, मौसम रहेगा शुष्क
जल्द ही दो और पश्चिमी विक्षोभ आने वाले हैं। फिलहाल एक पश्चिमी विक्षोभ ऊपरी वायु ट्रफ के रूप में उत्तर पाकिस्तान और अफगानिस्तान के आसपास सक्रिय है। दूसरा 2 मार्च को पश्चिमी हिमालय पहुंचेगा। 3 से 8 मार्च 2026 के बीच पहाड़ी इलाकों में मौसम गतिविधियां जारी रहेंगी। मैदानी इलाकों पर इसका खास असर नहीं होगा, केवल हवाओं की दिशा में हल्का बदलाव संभव है। अगले एक सप्ताह या उससे अधिक समय तक तेज हवाएं चल सकती हैं। इन कारणों से दिल्ली-एनसीआर में तापमान में अचानक बढ़ोतरी नहीं होगी और कम से कम अगले 10 दिनों तक मौसम शुष्क बना रहेगा।
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